सरकारी अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों के रखरखाव में कथित अनियमितताओं के मामले में कार्रवाई तेज कर दी है।
HighLights
- कॉलेज ने रखरखाव घोटाले की जांच तेज करते हुए चार कर्मचारियों को हटाया
- पांच सरकारी अस्पतालों के अधीक्षकों को कारण बताओ नोटिस, 24 घंटे में मांगा जवाब
- उपकरणों का भौतिक सत्यापन होगा, दोषी कंपनियों को ब्लैकलिस्ट करने की तैयारी
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। महात्मा गांधी मेमोरियल (एमजीएम) मेडिकल कॉलेज ने सरकारी अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों के रखरखाव में कथित अनियमितताओं के मामले में कार्रवाई तेज कर दी है। प्रारंभिक जांच के बाद कॉलेज प्रशासन ने पांच सरकारी अस्पतालों के अधीक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर 24 घंटे के भीतर जवाब मांगा है।
यह कार्रवाई एमआरआई समेत अन्य चिकित्सा उपकरणों के रखरखाव पर कथित रूप से अधिक भुगतान किए जाने की शिकायतों के बाद की गई है। प्रारंभिक जांच में प्रथम दृष्टया जिम्मेदार पाए गए चार कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से उनके कार्यों से हटा दिया गया है।
रखरखाव रिकॉर्ड का विस्तृत सत्यापन जारी
कॉलेज प्रशासन ने अनियमित रूप से किए गए भुगतानों की वसूली की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। साथ ही मामले में शामिल पाई गई कंपनियों को ब्लैकलिस्ट करने की तैयारी की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार रखरखाव रिकॉर्ड का विस्तृत सत्यापन जारी है।
डीन कार्यालय ने सभी अस्पतालों में स्थापित चिकित्सा उपकरणों के भौतिक सत्यापन के निर्देश दिए हैं। संबंधित अधिकारियों को 10 दिनों के भीतर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है।
अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी
जांच के दौरान उन अधिकारियों की भूमिका भी परखी जाएगी, जिन्होंने रखरखाव बिलों को स्वीकृति दी और भुगतान की अनुमति प्रदान की। प्रशासन का कहना है कि जवाबदेही केवल तकनीकी कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूरी अनुमोदन प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।
Source link
#इदर #MGM #मडकल #कलज #क #बड #एकशन #उपकरण #रखरखव #म #गडबड #पर #असपतल #अधकषक #क #नटस #करमचर #हटए #गए



Post Comment