खरीफ फसल के लिए बीमा कराने वाले किसानों को अब नुकसान की भरपाई पहले से ज्यादा मिलेगी। सरकार ने बीमित राशि बढ़ा दी है। यदि अब नुकसान होता है तो धान में 10%, मक्का में 7 फीसदी और सोयाबीन में 5 प्रतिशत तक क्लेम की राशि बढ़कर मिल सकती है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए सरकार ने जिलेवार फसलों की बीमित राशि अधिसूचित कर दी है। इस बार सरकार ने खरीफ फसल के लिए धान में 4100, मक्का में 2350 और सोयाबीन में 3910 रुपये प्रति हेक्टेयर तक बीमित राशि में इजाफा किया है। हालांकि बीमित राशि में इजाफा होने से प्रीमियम भी थोड़ा बढ़ जाएगा। कर्जदार किसानों के लिए वैसे तो फसल बीमा अनिवार्य है। फिर भी यदि कर्जदार किसान बीमा नहीं कराना चाहते हैं, तो बैंक में इसकी उन्हें लिखित सूचना देना होगी। वहीं गैर-कर्जदार किसानों के पास विकल्प है कि वे बीमा लें या न लें। खरीफ फसलों के लिए बीमा कराने की अंतिम तिथि 31 जुलाई है। ये है बढ़कर क्लेम मिलने का पूरा गणित आगरमालवा में मक्का की थ्रेशोल्ड उपज 40 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। एक किसान की फसल 40 क्विंटल की जगह सिर्फ 30 क्विंटल निकली। साल 2025 में बीमित राशि 34650 रु. थी, तो इस नुकसान पर किसान को 8663 रु. का क्लेम मिला था। इस साल बीमित राशि बढ़ाकर 37 हजार रु. कर दी गई है। अब अगर उतनी ही उपज होती है यानी फिर से 30 क्विंटल निकलती है, तो किसान को 9250 रु. का क्लेम मिलेगा। क्लेम निकालने का तरीका ये है कि तय उपज (थ्रेशोल्ड उपज) में से किसान खेत की निकली फसल को घटाया जाता है। फिर उसे थ्रेशोल्ड उपज से भाग देकर जो अनुपात बनता है, उतने हिस्से का पैसा बीमित राशि से गुणा कर क्लेम तय होता है। सागर में धान, दतिया में सोयाबीन का बढ़कर मिलेगा क्लेम सागर में धान असिंचित की बीमित राशि में इस साल 1610 रुपये प्रति हेक्टेयर का इजाफा हुआ है। इसलिए यहां बीमा क्लेम 322 रुपये तक बढ़कर मिल सकता है। 2025 में नुकसान होने पर 6238 रुपये प्रति हेक्टेयर क्लेम मिलता जो अब 6560 रुपये मिलेगा। इसी तरह दतिया में सोयाबीन की बीमित राशि में इस साल 1750 रुपये प्रति हेक्टेयर का इजाफा हुआ है। इसलिए यहां बीमा क्लेम 467 रुपये तक बढ़कर मिल सकता है।
Source link
#कसन #क #फसल #बम #म #रहत #नकसन #हआ #त #धन #म #फसद #मकक #म #परतशत #और #सयबन #म #तक #बढकर #मलग #कलम #Bhopal #News



Post Comment