राहुल गांधी की गिरफ्तारी पर एमपी कांग्रेस का प्रदर्शन, जीतू पटवारी समेत कई नेता हिरासत में, रात भर चले ड्रामे के बाद हुए रिहा
राहुल गांधी की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय के बाहर…
राहुल गांधी की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय के बाहर…
नीट पेपर लीक के विरोध में दिल्ली में धरने पर बैठे नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी…
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि छात्रों पर लाठीचार्ज करना गलत है। उन्होंने सवाल किया कि नीट पेपर लीक पर चर्चा क्यों नहीं? धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा क्यों नहीं देते? उन्होंने कहा कि भाजपा अपने साथियों पर इस्तीफे का दबाव नहीं बना पा रही है ताकि वे लोग दबे और कुचले राज़ न खोल दें। कोई कल्पना नहीं कर सकता है कि आजादी के बाद कोई सरकार इस तरह का व्यवहार युवाओं के साथ करेगी। यह लोकतंत्र में कभी स्वीकार नहीं हो सकता है।
AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि कल जो कुछ हुआ है वह इस सरकार का लगातार एक जैसा व्यवहार है। यह सब इतने दिनों से चल रहा है। आपको पहले से ही बातचीत करनी चाहिए थी। यह पूर्ण रूप से अव्यवस्था है।
AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सिर्फ एक छात्र की हालत गंभीर है और उसे आरएमएल अस्पताल में कराया गया है। सभी घायल छात्रों और पुलिसकर्मियों को छुट्टी दे दी गई है। सोशल मीडिया पर आई खबरों के मुताबिक 110 लोग घायल हुए थे। हमारे पास पक्के आंकड़े नहीं हैं। इसके बाद हम पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन जाएंगे ताकि यह पता चल सके कि कितनी FIR दर्ज की गई हैं और कितने छात्रों को गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिया गया है।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि छात्रों पर लाठीचार्ज करना गलत है। उन्होंने सवाल किया कि नीट पेपर लीक पर चर्चा क्यों नहीं? धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा क्यों नहीं देते? उन्होंने कहा कि भाजपा अपने साथियों पर इस्तीफे का दबाव नहीं बना पा रही है ताकि वे लोग दबे और कुचले राज़ न खोल दें। कोई कल्पना नहीं कर सकता है कि आजादी के बाद कोई सरकार इस तरह का व्यवहार युवाओं के साथ करेगी। यह लोकतंत्र में कभी स्वीकार नहीं हो सकता है।
AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि कल जो कुछ हुआ है वह इस सरकार का लगातार एक जैसा व्यवहार है। यह सब इतने दिनों से चल रहा है। आपको पहले से ही बातचीत करनी चाहिए थी। यह पूर्ण रूप से अव्यवस्था है।
AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सिर्फ एक छात्र की हालत गंभीर है और उसे आरएमएल अस्पताल में कराया गया है। सभी घायल छात्रों और पुलिसकर्मियों को छुट्टी दे दी गई है। सोशल मीडिया पर आई खबरों के मुताबिक 110 लोग घायल हुए थे। हमारे पास पक्के आंकड़े नहीं हैं। इसके बाद हम पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन जाएंगे ताकि यह पता चल सके कि कितनी FIR दर्ज की गई हैं और कितने छात्रों को गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिया गया है।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि छात्रों पर लाठीचार्ज करना गलत है। उन्होंने सवाल किया कि नीट पेपर लीक पर चर्चा क्यों नहीं? धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा क्यों नहीं देते? उन्होंने कहा कि भाजपा अपने साथियों पर इस्तीफे का दबाव नहीं बना पा रही है ताकि वे लोग दबे और कुचले राज़ न खोल दें। कोई कल्पना नहीं कर सकता है कि आजादी के बाद कोई सरकार इस तरह का व्यवहार युवाओं के साथ करेगी। यह लोकतंत्र में कभी स्वीकार नहीं हो सकता है।
AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि कल जो कुछ हुआ है वह इस सरकार का लगातार एक जैसा व्यवहार है। यह सब इतने दिनों से चल रहा है। आपको पहले से ही बातचीत करनी चाहिए थी। यह पूर्ण रूप से अव्यवस्था है।
AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सिर्फ एक छात्र की हालत गंभीर है और उसे आरएमएल अस्पताल में कराया गया है। सभी घायल छात्रों और पुलिसकर्मियों को छुट्टी दे दी गई है। सोशल मीडिया पर आई खबरों के मुताबिक 110 लोग घायल हुए थे। हमारे पास पक्के आंकड़े नहीं हैं। इसके बाद हम पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन जाएंगे ताकि यह पता चल सके कि कितनी FIR दर्ज की गई हैं और कितने छात्रों को गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिया गया है।
मोदी ने माफी तक नहीं मांगी धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा क्यों नहीं…
NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात की। बातचीत को लेकर सरकार भी बयान जारी करेगी। सीजेपी ने सरकार के सामने कई अहम मांगें रखीं, जिनमें सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और आत्महत्या करने वाले NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपए मुआवजा देने की मांग शामिल है।
CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने बताया कि जब संसद की ओर प्रदर्शनकारी मार्च कर रहे थे, उसी दौरान पार्टी का प्रतिनिधिमंडल जेपी नड्डा से मुलाकात कर रहा था। उन्होंने कहा कि नड्डा ने इन मांगों पर सरकार के शीर्ष नेतृत्व से चर्चा करने के लिए कुछ समय मांगा है।
आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा, “मैं और सौरव दास अभी भी नड्डा जी के आवास पर मौजूद हैं। नड्डा जी ने हमारी प्रमुख मांगों पर अपने नेतृत्व से चर्चा करने के लिए समय मांगा है। हमारी मांगों में सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और आत्महत्या करने वाले सभी NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा शामिल है।”
#ImportantAnnouncement: @AshutoshRanka and I have been at J.P. Naddas residence since 12 noon. The demands have been conveyed, including immediate resignation/sacking of Dharmendra Pradhan.
The Minister assured us he will discuss this at the appropriate level. However, no… pic.twitter.com/vzLluczbkV
— Saurav Das (@SauravDassss) July 20, 2026
CJP के एक अन्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि जेपी नड्डा ने भरोसा दिलाया है कि वे इन मांगों को उचित स्तर पर उठाएंगे, लेकिन फिलहाल किसी भी मांग पर कोई औपचारिक आश्वासन नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि “जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।”
सौरव दास ने बताया कि वह और आशुतोष रांका सोमवार दोपहर 12 बजे से जेपी नड्डा के आवास पर मौजूद हैं और उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान को तत्काल पद से हटाने या उनका इस्तीफा लेने की मांग भी सरकार के सामने रखी है।
NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात की। बातचीत को लेकर सरकार भी बयान जारी करेगी। सीजेपी ने सरकार के सामने कई अहम मांगें रखीं, जिनमें सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और आत्महत्या करने वाले NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपए मुआवजा देने की मांग शामिल है।
CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने बताया कि जब संसद की ओर प्रदर्शनकारी मार्च कर रहे थे, उसी दौरान पार्टी का प्रतिनिधिमंडल जेपी नड्डा से मुलाकात कर रहा था। उन्होंने कहा कि नड्डा ने इन मांगों पर सरकार के शीर्ष नेतृत्व से चर्चा करने के लिए कुछ समय मांगा है।
आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा, “मैं और सौरव दास अभी भी नड्डा जी के आवास पर मौजूद हैं। नड्डा जी ने हमारी प्रमुख मांगों पर अपने नेतृत्व से चर्चा करने के लिए समय मांगा है। हमारी मांगों में सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और आत्महत्या करने वाले सभी NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा शामिल है।”
#ImportantAnnouncement: @AshutoshRanka and I have been at J.P. Naddas residence since 12 noon. The demands have been conveyed, including immediate resignation/sacking of Dharmendra Pradhan.
The Minister assured us he will discuss this at the appropriate level. However, no… pic.twitter.com/vzLluczbkV
— Saurav Das (@SauravDassss) July 20, 2026
CJP के एक अन्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि जेपी नड्डा ने भरोसा दिलाया है कि वे इन मांगों को उचित स्तर पर उठाएंगे, लेकिन फिलहाल किसी भी मांग पर कोई औपचारिक आश्वासन नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि “जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।”
सौरव दास ने बताया कि वह और आशुतोष रांका सोमवार दोपहर 12 बजे से जेपी नड्डा के आवास पर मौजूद हैं और उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान को तत्काल पद से हटाने या उनका इस्तीफा लेने की मांग भी सरकार के सामने रखी है।
NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात की। बातचीत को लेकर सरकार भी बयान जारी करेगी। सीजेपी ने सरकार के सामने कई अहम मांगें रखीं, जिनमें सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और आत्महत्या करने वाले NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपए मुआवजा देने की मांग शामिल है।
CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने बताया कि जब संसद की ओर प्रदर्शनकारी मार्च कर रहे थे, उसी दौरान पार्टी का प्रतिनिधिमंडल जेपी नड्डा से मुलाकात कर रहा था। उन्होंने कहा कि नड्डा ने इन मांगों पर सरकार के शीर्ष नेतृत्व से चर्चा करने के लिए कुछ समय मांगा है।
आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा, “मैं और सौरव दास अभी भी नड्डा जी के आवास पर मौजूद हैं। नड्डा जी ने हमारी प्रमुख मांगों पर अपने नेतृत्व से चर्चा करने के लिए समय मांगा है। हमारी मांगों में सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और आत्महत्या करने वाले सभी NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा शामिल है।”
#ImportantAnnouncement: @AshutoshRanka and I have been at J.P. Naddas residence since 12 noon. The demands have been conveyed, including immediate resignation/sacking of Dharmendra Pradhan.
The Minister assured us he will discuss this at the appropriate level. However, no… pic.twitter.com/vzLluczbkV
— Saurav Das (@SauravDassss) July 20, 2026
CJP के एक अन्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि जेपी नड्डा ने भरोसा दिलाया है कि वे इन मांगों को उचित स्तर पर उठाएंगे, लेकिन फिलहाल किसी भी मांग पर कोई औपचारिक आश्वासन नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि “जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।”
सौरव दास ने बताया कि वह और आशुतोष रांका सोमवार दोपहर 12 बजे से जेपी नड्डा के आवास पर मौजूद हैं और उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान को तत्काल पद से हटाने या उनका इस्तीफा लेने की मांग भी सरकार के सामने रखी है।
NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच सोमवार को कॉकरोच जनता…