निमाड़ अंचल में दो दिनों से हो रही मूसलधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।
HighLights
- खरगोन की गोगावां में 24 घंटे में 200 मिमी बारिश हुई
- बुरहानपुर जिले में 150 मिमी बारिश दर्ज हुई है
- निमाड़ क्षेत्र में सभी जगह नदी-नाले उफान पर हैं
नईदुनिया प्रतिनिधि, मालवा-निमाड़। अंचल में कई स्थानों पर दो दिनों से हो रही बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। खरगोन जिले की गोगावां तहसील में 24 घंटे में करीब 200 और बुरहानपुर में 150 मिमी बारिश हुई। नदी-नाले उफान पर आ गए। खेतों व सड़कों पर पानी भर गया। फसलों को नुकसानी की आशंका है।
खंडवा जिले में 24 घंटे में शुक्रवार सुबह आठ बजे तक जिले में 74.4 मिलीमीटर औसत वर्षा हुई। भाम राजगढ़ बांध में पानी का स्तर बढ़ने से पांच गेट खोलने पड़े। ग्राम छिरवेल में झिरन्या उद्वहन सिंचाई परियोजना के पाइप उखड़ गए। तेज हवा से इंदौर-ऐदलाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित ढाबे और आदिवासी फालिया में मकानों के टिन शेड उड़ गए। राजमार्ग स्थित बिजली के खंभे भी गिर गए।
बुरहानपुर में ऊपरी क्षेत्र में हुई बारिश और परसाडोह डैम से पानी छोड़े जाने के कारण ताप्ती नदी का जलस्तर शुक्रवार शाम खतरे के निशान यानी 220.800 मीटर से ऊपर 224.100 मीटर पर पहुंच गया था। जैनाबाद पुल से करीब एक फीट नीचे पानी बह रहा था। तेज बारिश और आंधी से खकनार क्षेत्र के दो दर्जन से ज्यादा गांवों में मक्का व केला फसल खेतों में गिर गई है।
खरगोन जिले के भीकनगांव क्षेत्र में खेत तालाब में तब्दील हो गए। इससे मक्का, सोयाबीन, कपास और मिर्च की खड़ी फसलें पानी में डूब गईं। 24 घंटे में गोगावां तहसील में प्रदेश में सबसे अधिक करीब 200 मिमी बारिश हुई है।
खंडवा जिले में गुरुवार को तेज बारिश के बीच दो अलग-अलग स्थानों पर हुए रेस्क्यू अभियानों से सात लोगों की जान बचाई गई। इनमें चुनौतीपूर्ण अभियान हांडीकुंडी क्षेत्र की सुक्ता नदी में रातभर चला, जहां पिकनिक मनाने गए चार युवक अचानक बढ़े जलस्तर के कारण बीच नदी के टापू पर फंस गए। करीब 10 घंटे तक चले रेस्क्यू आपरेशन के बाद शुक्रवार तड़के 4:45 बजे एसडीईआरएफ की संयुक्त टीम ने चारों को बचा लिया।
डिस्ट्रिक्ट कमांडेट होमगार्ड आशीष कुशवाहा ने बताया कि एसडीईआरएफ ने ड्रोन के माध्यम से युवकों तक लाइफ जैकेट, भोजन और पेयजल पहुंचाया तथा पूरी रात मोबाइल पर संपर्क बनाए रखकर उनका मनोबल बढ़ाया। सुबह जलस्तर कम होते ही एसडीईआरएफ खंडवा और इंदौर की संयुक्त टीम ने रस्सियों और मोटरबोट की मदद से चारों युवकों को निकाल लिया।
अंजटी में तीन युवकों को बचाया
मोघट थाना क्षेत्र के अजंटी-चाकल्या नाले में भी गुरुवार शाम तेज बहाव के बीच पुल पर तीन युवक फंस गए थे। सूचना पर पुलिस, एसडीईआरएफ और ग्रामीणों ने संयुक्त अभियान चलाया। करीब छह घंटे की मशक्कत के बाद रात लगभग 11:30 बजे तीनों लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया।
इंदौर से लौट रहे युवक बाइक सहित बहे
खरगोन जिले के ऊन थाना क्षेत्र में ग्राम गंधावड़ के समीप गुरुवार रात नाले पर बनी रपट पार करते समय बहाव तेज होने से बाइक सहित दो युवक बह गए। इनमें से 19 वर्षीय विनय वास्कले लापता है, जबकि उसका एक दोस्त तैरकर सुरक्षित निकल आया। जानकारी अनुसार दोनों युवक इंदौर कालेज में प्रवेश लेकर वापस ऊन लौट रहे थे।
पूरे वेग से बहा सिरवेल महादेव का झरना
खरगोन जिले के भगवानपुरा क्षेत्र में पहाड़ी इलाकों में जोरदार बारिश से सिरवेल महादेव का झरना पूरे वेग से बहा। मंदिर की व्यवस्था संभाल रहे बालकदास महाराज ने बताया कि झरने के उफान से पास स्थित गुफा का रास्ता बंद हो गया है। सुरक्षा की दृष्टि से फिलहाल महादेव दर्शन पर रोक लगा दी गई है।
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