×
मध्य प्रदेश के सबसे बड़े व्यावसायिक शहर इंदौर में क्यों नहीं है जीएसटी ट्रिब्यूनल, हाईकोर्ट ने जारी किया नोटिस

मध्य प्रदेश के सबसे बड़े व्यावसायिक शहर इंदौर में क्यों नहीं है जीएसटी ट्रिब्यूनल, हाईकोर्ट ने जारी किया नोटिस

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर 6 सप्ताह में जवाब मांगा है।

Publish Date: Tue, 21 Jul 2026 08:25:13 AM (IST)Updated Date: Tue, 21 Jul 2026 08:30:56 AM (IST)

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ। – फाइल फोटो

HighLights

  1. मप्र टैक्स कंसल्टेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने यह निर्देश दिए
  2. जीएसटी काउंसिल की बैठक में राज्यपीठ इंदौर में बनाने का फैसला हुआ था, लेकिन सिर्फ भोपाल में ट्रिब्यूनल है
  3. याचिकाकर्ता ने कहा- इंदौर प्रदेश में सबसे ज्यादा राजस्व देता है और यहां सबसे अधिक व्यापारी हैं

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने केंद्र और राज्य शासन को नोटिस जारी कर पूछा है कि प्रदेश के सबसे बड़े व्यावसायिक शहर इंदौर में जीएसटी ट्रिब्यूनल क्यों नहीं है। कोर्ट ने शासन को छह सप्ताह में जवाब देने के निर्देश दिए हैं। यह नोटिस मप्र टैक्स कंसल्टेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान जारी किया गया।

याचिका में कहा गया है कि प्रदेश में जीएसटी अपीलीय अधिकरण की राज्यपीठ सिर्फ भोपाल में स्थापित की गई है। जबकि 18 दिसंबर 2019 को जीएसटी काउंसिल की 38वीं बैठक में तय हुआ था कि राज्यपीठ इंदौर में होगी।

ट्रिब्यूनल स्थापित न करना मनमाना निर्णय

एसोसिएशन के अध्यक्ष एसएन गोयल ने बताया कि याचिका में कहा गया है कि इंदौर में पहले से हाई कोर्ट की पीठ और राज्य जीएसटी आयुक्त कार्यालय मौजूद है। इसके बावजूद इंदौर में जीएसटी ट्रिब्यूनल स्थापित न करना मनमाना निर्णय है। यह संविधान के अनुच्छेद 14 और 21 का उल्लंघन है और करदाताओं को न्याय तक आसान पहुंच से वंचित करता है।

सोमवार को हुई सुनवाई में याचिकाकर्ता के वकील यश तिवारी ने तर्क दिया कि इंदौर प्रदेश में सबसे ज्यादा राजस्व देने वाला शहर है और यहां सबसे अधिक व्यापारी हैं। कई राज्यों में आवश्यकतानुसार एक से ज्यादा शहरों में जीएसटी ट्रिब्यूनल हैं। आरोप लगाया कि राज्य शासन ने इंदौर में जीएसटी ट्रिब्यूनल स्थापित करने का प्रस्ताव केंद्र को भेजा ही नहीं। हाई कोर्ट की युगलपीठ ने दोनों पक्षों के तर्क सुनने के बाद केंद्र और राज्य शासन को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।

राज्य सरकार इंदौर से छिन रही ट्रिब्यूनल

सितंबर 2023 में देशभर के राज्यों के लिए जीएसटी ट्रिब्यूनल की घोषणा की गई थी। तब माना जा रहा था कि ट्रिब्यूनल इंदौर में खुलेगा क्योंकि यहां सबसे ज्यादा करदाता हैं और प्रदेश का जीएसटी मुख्यालय भी इसी शहर में है, लेकिन घोषणा में सिर्फ भोपाल का नाम आया। बाद में पता चला कि राज्य सरकार ने केंद्र को भेजे गए प्रस्ताव में इंदौर का नाम ही शामिल नहीं किया था।

इसके बाद करदाताओं और टैक्स कंसल्टेंट्स ने आंदोलन शुरू किया और ज्ञापन दिए गए। सांसद शंकर लालवानी ने संसद में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के सामने यह मुद्दा उठाया। जवाब में वित्त मंत्री ने कहा कि केंद्र को इंदौर में ट्रिब्यूनल खोलने में कोई आपत्ति नहीं है। जिस राज्य ने जहां-जहां बेंच मांगी, केंद्र ने वहां बनाई। राज्य सरकार को सिर्फ प्रस्ताव भेजना है।

दो साल बीत जाने के बाद भी राज्य सरकार ने अब तक इंदौर का नाम केंद्र को नहीं भेजा है। छत्तीसगढ़, गुजरात, पंजाब और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में एक से ज्यादा शहरों में जीएसटी ट्रिब्यूनल की बेंचें काम कर रही हैं। करदाताओं का आरोप है कि सरकार इंदौर को जानबूझकर अनदेखा कर रही है। जबकि खुद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इंदौर के प्रभारी मंत्री हैं।

यह भी पढ़ें : गांवों की आबादी भूमि पर मिलेगा कानूनी हक, इंदौर जिले 1.34 लाख रजिस्ट्रियां होगी

Source link
#मधय #परदश #क #सबस #बड #वयवसयक #शहर #इदर #म #कय #नह #ह #जएसट #टरबयनल #हईकरट #न #जर #कय #नटस

Previous post

Scamming Woman Invites A Man Out To Dinner Only To Invite All Her Friends As Well, Spending $350 Before He Arrives, Expects Him To PAY…Then The Cops Arrive

Next post

Is Justin Verlander a First-Ballot Hall of Famer? <div id="cyclone-embed-body-d0fb7e61-58dd-40c0-8c9c-0401f451fa84"><p>Earlier this month Tigers pitcher Justin Verlander announced he will be retiring at the end of the year. He’s the active leader in career wins, but sitting at 266 wins he is going to fall short of the 300 win mark. So will any other pitcher <strong>EVER</strong> get to 300 wins?</p></div> #Justin #Verlander #FirstBallot #Hall #Famer

Post Comment