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अभिनेता Aparshakti Khurana ने अब खुद ही कर दिया है ये बड़ा खुलासा   इंटरनेट डेस्क। अभिनेता अपारशक्ति खुराना की शादी के बाद किस्मत बदली है। इस बात का खलासा अपारशक्ति खुराना ने हाल ही में नेहा धूपिया और अंगद बेदी के चैट शो डबल डेट में किया था।

इस शो में वह अपनी पत्नी आकृति खुराना के साथ शामिल हुए थे। इसमें उन्होंने अपनी जिंदगी और कॅरियर से जुड़े कई दिल छू लेने वाले खुलासे किए। उन्होंने खुलासा किया कि शादी से पहले उन्हें मनोरंजन जगत में काम पाने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा था। उन्होंने शादी से पहले इंडस्ट्री में काम पाने के संघर्ष को याद कर बताया कि किस प्रकार शादी के बाद अचानक सब कुछ बदल गया। वह शादी से पहले छोटे-मोटे काम करते थे।

इस दौरान डायरेक्टर्स, कास्टिंग डायरेक्टर्स, प्रोडक्शन हाउसेस और टीवी चैनलों को मैसेज या ईमेल भी किए लेकिन किसी ने एक बार भी जवाब नहीं दिया।

पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था
अभिनेता अपारशक्ति खुराना ने बताया कि जिस दिन मेरी शादी हुई, उसी दिन मुझे तीन साल पुराने मैसेज के रिप्लाई आने लगे कि वो अब एक होस्ट ढूंढ रहे हैं और क्या मैं आकर जॉइन कर सकता हूं। इस संबंध में उन्होंने आगे कहा कि मैं पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था, लेकिन तब मुझे लगा कि ऐसा भी कुछ हो सकता है। इस दौरान वह अपने दिवंगत पिता को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने पिता की चंडीगढ़ से जुड़ी यादें साझा कीं। अपारशक्ति खुराना ने आज अपनी विशेष पहचान बना ली है।

PC:hindi.news18
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अभिनेता Aparshakti Khurana ने अब खुद ही कर दिया है ये बड़ा खुलासा

अभिनेता Aparshakti Khurana ने अब खुद ही कर दिया है ये बड़ा खुलासा   इंटरनेट डेस्क। अभिनेता अपारशक्ति खुराना की शादी के बाद किस्मत बदली है। इस बात का खलासा अपारशक्ति खुराना ने हाल ही में नेहा धूपिया और अंगद बेदी के चैट शो डबल डेट में किया था।

इस शो में वह अपनी पत्नी आकृति खुराना के साथ शामिल हुए थे। इसमें उन्होंने अपनी जिंदगी और कॅरियर से जुड़े कई दिल छू लेने वाले खुलासे किए। उन्होंने खुलासा किया कि शादी से पहले उन्हें मनोरंजन जगत में काम पाने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा था। उन्होंने शादी से पहले इंडस्ट्री में काम पाने के संघर्ष को याद कर बताया कि किस प्रकार शादी के बाद अचानक सब कुछ बदल गया। वह शादी से पहले छोटे-मोटे काम करते थे।

इस दौरान डायरेक्टर्स, कास्टिंग डायरेक्टर्स, प्रोडक्शन हाउसेस और टीवी चैनलों को मैसेज या ईमेल भी किए लेकिन किसी ने एक बार भी जवाब नहीं दिया।

पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था
अभिनेता अपारशक्ति खुराना ने बताया कि जिस दिन मेरी शादी हुई, उसी दिन मुझे तीन साल पुराने मैसेज के रिप्लाई आने लगे कि वो अब एक होस्ट ढूंढ रहे हैं और क्या मैं आकर जॉइन कर सकता हूं। इस संबंध में उन्होंने आगे कहा कि मैं पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था, लेकिन तब मुझे लगा कि ऐसा भी कुछ हो सकता है। इस दौरान वह अपने दिवंगत पिता को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने पिता की चंडीगढ़ से जुड़ी यादें साझा कीं। अपारशक्ति खुराना ने आज अपनी विशेष पहचान बना ली है।

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इंटरनेट डेस्क। अभिनेता अपारशक्ति खुराना की शादी के बाद किस्मत बदली है। इस बात का खलासा अपारशक्ति खुराना ने हाल ही में नेहा धूपिया और अंगद बेदी के चैट शो डबल डेट में किया था।

इस शो में वह अपनी पत्नी आकृति खुराना के साथ शामिल हुए थे। इसमें उन्होंने अपनी जिंदगी और कॅरियर से जुड़े कई दिल छू लेने वाले खुलासे किए। उन्होंने खुलासा किया कि शादी से पहले उन्हें मनोरंजन जगत में काम पाने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा था। उन्होंने शादी से पहले इंडस्ट्री में काम पाने के संघर्ष को याद कर बताया कि किस प्रकार शादी के बाद अचानक सब कुछ बदल गया। वह शादी से पहले छोटे-मोटे काम करते थे।

इस दौरान डायरेक्टर्स, कास्टिंग डायरेक्टर्स, प्रोडक्शन हाउसेस और टीवी चैनलों को मैसेज या ईमेल भी किए लेकिन किसी ने एक बार भी जवाब नहीं दिया।

पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था
अभिनेता अपारशक्ति खुराना ने बताया कि जिस दिन मेरी शादी हुई, उसी दिन मुझे तीन साल पुराने मैसेज के रिप्लाई आने लगे कि वो अब एक होस्ट ढूंढ रहे हैं और क्या मैं आकर जॉइन कर सकता हूं। इस संबंध में उन्होंने आगे कहा कि मैं पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था, लेकिन तब मुझे लगा कि ऐसा भी कुछ हो सकता है। इस दौरान वह अपने दिवंगत पिता को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने पिता की चंडीगढ़ से जुड़ी यादें साझा कीं। अपारशक्ति खुराना ने आज अपनी विशेष पहचान बना ली है।

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इंटरनेट डेस्क। अभिनेता अपारशक्ति खुराना की शादी के बाद किस्मत बदली है। इस बात का खलासा अपारशक्ति खुराना ने हाल ही में नेहा धूपिया और अंगद बेदी के चैट शो डबल डेट में किया था।

इस शो में वह अपनी पत्नी आकृति खुराना के साथ शामिल हुए थे। इसमें उन्होंने अपनी जिंदगी और कॅरियर से जुड़े कई दिल छू लेने वाले खुलासे किए। उन्होंने खुलासा किया कि शादी से पहले उन्हें मनोरंजन जगत में काम पाने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा था। उन्होंने शादी से पहले इंडस्ट्री में काम पाने के संघर्ष को याद कर बताया कि किस प्रकार शादी के बाद अचानक सब कुछ बदल गया। वह शादी से पहले छोटे-मोटे काम करते थे।

इस दौरान डायरेक्टर्स, कास्टिंग डायरेक्टर्स, प्रोडक्शन हाउसेस और टीवी चैनलों को मैसेज या ईमेल भी किए लेकिन किसी ने एक बार भी जवाब नहीं दिया।

पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था
अभिनेता अपारशक्ति खुराना ने बताया कि जिस दिन मेरी शादी हुई, उसी दिन मुझे तीन साल पुराने मैसेज के रिप्लाई आने लगे कि वो अब एक होस्ट ढूंढ रहे हैं और क्या मैं आकर जॉइन कर सकता हूं। इस संबंध में उन्होंने आगे कहा कि मैं पहले लेडी लक जैसी चीजों पर बिल्कुल विश्वास नहीं करता था, लेकिन तब मुझे लगा कि ऐसा भी कुछ हो सकता है। इस दौरान वह अपने दिवंगत पिता को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने पिता की चंडीगढ़ से जुड़ी यादें साझा कीं। अपारशक्ति खुराना ने आज अपनी विशेष पहचान बना ली है।

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Ayodhya Ram Mandir donation controversy, Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust, meeting, Champat Rai, Anil Mishra, Ayodhya temple donation dispute, Mohan Bhagwat, Govind Dev Giri Maharaj, Shri Ram Janmabhoomi Ayodhya अयोध्‍या राम मंदिर दान विवाद, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, बैठक, चंपत राय, अनिल मिश्रा, अयोध्‍या मंदिर दान विवाद, मोहन भागवत, गोविंददेव गिरि महाराज, श्रीराम जन्मभूमि अयोध्‍या">अयोध्‍या चढ़ावा विवाद को लेकर सोमवार को होगी ट्रस्‍ट की बैठक, ट्रस्टी चंपत राय समेत कई अहम मुद्दों पर होगा फैसला
								

		
		
		
		
				


					
							
																								
											
								
								
																			
																	
																	
																Ayodhya Ram Mandir donation dispute : राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी। जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है।																													
	 
	राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी।																														
																																							
	चंपत राय और अनिल मिश्रा के विकल्पों पर हो सकती है चर्चा 

	जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है। इसको लेकर सरगर्मी चरम पर है। पुलिस व एसआईटी जांच के बीच होने वाली इस बैठक में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय व ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा को यदि हटाया गया तो इनके स्थान पर नए सदस्यों की नियुक्ति भी तय है।																																																																												
																																						
	महंत नृत्यगोपालदास करेंगे बैठक की अध्यक्षता

	कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, नृपेंद्र मिश्रा, स्वामी विश्वप्रसन्नतीर्थ सहित अन्य कुछ सदस्यों के सोमवार को सुबह पहुंचने की उम्मीद है। इसके अलावा वरिष्ठ अधिवक्ता ट्रस्टी के पारासरन सहित कुछ अन्य वर्चुअल रूप से बैठक में हिस्सा लेंगे। बैठक की अध्यक्षता ट्रस्ट अध्यक्ष मणिरामदास जी की छावनी के महंत नृत्यगोपालदास करेंगे। बैठक में एसआईटी की अंतरिम रिपोर्ट, वित्त वर्ष 2025-26 की आडिट रिपोर्ट भी पेश की जाएगी।																																																																												
																																						
	जिलाधिकारी ने किया बैठक स्थल का निरीक्षण

	रविवार शाम जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी मणिराजदास जी की छावनी गए। बैठक स्थल का निरीक्षण किया। सुरक्षा आदि मानकों को भी परखा। 6 जून को मामला उजागर होने के बाद ट्रस्ट की मांग पर 13 जून को एसआईटी का गठन किया गया था। 25 जून को एफआईआर दर्ज होने के बाद 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। चढ़ावे की गणना और मंदिर प्रबंधन की जिम्मेदारी चंपत राय और अनिल मिश्रा के पास होने के कारण दोनों शुरू से ही सवालों के घेरे में रहे। 																																																																												
																																						
	चढ़ावा विवाद पर मोहन भागवत ने दिया यह बयान 

	राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत का बयान भी सामने आया है। मोहन भागवत ने इस विवाद पर RSS महासचिव दतात्रेय होसवोले के बयान का सर्मथन किया। मोहन भागवत ने अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान में हेराफेरी के आरोपों पर संगठन के आधिकारिक रुख का ज़िक्र किया। उन्होंने संगठन के महासचिव दत्तात्रेय होसबोले के बयान की ओर ध्यान दिलाया, जिसमें इस घटना को बेहद निंदनीय बताया गया था और दोषियों के लिए कड़ी सज़ा की मांग की गई थी। 																																																																												
																																						
	चढ़ावा विवाद पर क्‍या बोले ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि?

	श्री राम जन्मभूमि मंदिर के दानपात्र से चढ़ावा चोरी के मामले के बाद राम मंदिर ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि महाराज ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर मामले पर अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि रामलला के दरबार में हुई चोरी की घटना से वह व्यक्तिगत रूप से बेहद आहत, दुखी और लज्जित हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कोषाध्यक्ष होने के बावजूद उनकी भूमिका दैनिक नकदी प्रबंधन या दान की गिनती में प्रत्यक्ष रूप से नहीं रहती थी।																										
																																																															

								
																	
															
						
			 
				
				
					 
						
															 
									
									 
									     							
									 लेखक के बारे में
									 चेतन गौड़
										
									
															
					
			    
			
			
			
							
				
						Ayodhya Ram Mandir donation controversy, Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust, meeting, Champat Rai, Anil Mishra, Ayodhya temple donation dispute, Mohan Bhagwat, Govind Dev Giri Maharaj, Shri Ram Janmabhoomi Ayodhya अयोध्‍या राम मंदिर दान विवाद, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, बैठक, चंपत राय, अनिल मिश्रा, अयोध्‍या मंदिर दान विवाद, मोहन भागवत, गोविंददेव गिरि महाराज, श्रीराम जन्मभूमि अयोध्‍या

लेखक के बारे में

चेतन गौड़

Ayodhya Ram Mandir donation controversy, Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust, meeting, Champat Rai, Anil Mishra, Ayodhya temple donation dispute, Mohan Bhagwat, Govind Dev Giri Maharaj, Shri Ram Janmabhoomi Ayodhya अयोध्‍या राम मंदिर दान विवाद, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, बैठक, चंपत राय, अनिल मिश्रा, अयोध्‍या मंदिर दान विवाद, मोहन भागवत, गोविंददेव गिरि महाराज, श्रीराम जन्मभूमि अयोध्‍या">अयोध्‍या चढ़ावा विवाद को लेकर सोमवार को होगी ट्रस्‍ट की बैठक, ट्रस्टी चंपत राय समेत कई अहम मुद्दों पर होगा फैसला
अयोध्‍या चढ़ावा विवाद को लेकर सोमवार को होगी ट्रस्‍ट की बैठक, ट्रस्टी चंपत राय समेत कई अहम मुद्दों पर होगा फैसला
								

		
		
		
		
				


					
							
																								
											
								
								
																			
																	
																	
																Ayodhya Ram Mandir donation dispute : राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी। जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है।																													
	 
	राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी।																														
																																							
	चंपत राय और अनिल मिश्रा के विकल्पों पर हो सकती है चर्चा 

	जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है। इसको लेकर सरगर्मी चरम पर है। पुलिस व एसआईटी जांच के बीच होने वाली इस बैठक में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय व ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा को यदि हटाया गया तो इनके स्थान पर नए सदस्यों की नियुक्ति भी तय है।																																																																												
																																						
	महंत नृत्यगोपालदास करेंगे बैठक की अध्यक्षता

	कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, नृपेंद्र मिश्रा, स्वामी विश्वप्रसन्नतीर्थ सहित अन्य कुछ सदस्यों के सोमवार को सुबह पहुंचने की उम्मीद है। इसके अलावा वरिष्ठ अधिवक्ता ट्रस्टी के पारासरन सहित कुछ अन्य वर्चुअल रूप से बैठक में हिस्सा लेंगे। बैठक की अध्यक्षता ट्रस्ट अध्यक्ष मणिरामदास जी की छावनी के महंत नृत्यगोपालदास करेंगे। बैठक में एसआईटी की अंतरिम रिपोर्ट, वित्त वर्ष 2025-26 की आडिट रिपोर्ट भी पेश की जाएगी।																																																																												
																																						
	जिलाधिकारी ने किया बैठक स्थल का निरीक्षण

	रविवार शाम जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी मणिराजदास जी की छावनी गए। बैठक स्थल का निरीक्षण किया। सुरक्षा आदि मानकों को भी परखा। 6 जून को मामला उजागर होने के बाद ट्रस्ट की मांग पर 13 जून को एसआईटी का गठन किया गया था। 25 जून को एफआईआर दर्ज होने के बाद 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। चढ़ावे की गणना और मंदिर प्रबंधन की जिम्मेदारी चंपत राय और अनिल मिश्रा के पास होने के कारण दोनों शुरू से ही सवालों के घेरे में रहे। 																																																																												
																																						
	चढ़ावा विवाद पर मोहन भागवत ने दिया यह बयान 

	राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत का बयान भी सामने आया है। मोहन भागवत ने इस विवाद पर RSS महासचिव दतात्रेय होसवोले के बयान का सर्मथन किया। मोहन भागवत ने अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान में हेराफेरी के आरोपों पर संगठन के आधिकारिक रुख का ज़िक्र किया। उन्होंने संगठन के महासचिव दत्तात्रेय होसबोले के बयान की ओर ध्यान दिलाया, जिसमें इस घटना को बेहद निंदनीय बताया गया था और दोषियों के लिए कड़ी सज़ा की मांग की गई थी। 																																																																												
																																						
	चढ़ावा विवाद पर क्‍या बोले ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि?

	श्री राम जन्मभूमि मंदिर के दानपात्र से चढ़ावा चोरी के मामले के बाद राम मंदिर ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि महाराज ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर मामले पर अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि रामलला के दरबार में हुई चोरी की घटना से वह व्यक्तिगत रूप से बेहद आहत, दुखी और लज्जित हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कोषाध्यक्ष होने के बावजूद उनकी भूमिका दैनिक नकदी प्रबंधन या दान की गिनती में प्रत्यक्ष रूप से नहीं रहती थी।																										
																																																															

								
																	
															
						
			 
				
				
					 
						
															 
									
									 
									     							
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									 चेतन गौड़
										
									
															
					
			    
			
			
			
							
				
						Ayodhya Ram Mandir donation controversy, Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust, meeting, Champat Rai, Anil Mishra, Ayodhya temple donation dispute, Mohan Bhagwat, Govind Dev Giri Maharaj, Shri Ram Janmabhoomi Ayodhya अयोध्‍या राम मंदिर दान विवाद, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, बैठक, चंपत राय, अनिल मिश्रा, अयोध्‍या मंदिर दान विवाद, मोहन भागवत, गोविंददेव गिरि महाराज, श्रीराम जन्मभूमि अयोध्‍या

Ayodhya Ram Mandir donation dispute : राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी। जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है।

 

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच सोमवार को अयोध्‍या में होने वाली श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक पर देशभर की नजरें टिकी हैं। बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा के इस्तीफों पर अंतिम फैसला हो सकता है। एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट, वित्तीय दस्तावेज, नई प्रशासनिक व्यवस्था और सीईओ की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा होगी।

चंपत राय और अनिल मिश्रा के विकल्पों पर हो सकती है चर्चा 

जिस तरह से ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल कुमार मिश्रा की भूमिका सामने आई, उससे श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बहुप्रतीक्षित बैठक में कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। चंपत राय और अनिल मिश्रा के त्याग पत्र स्वीकार करने के साथ ही इनके विकल्पों पर भी चर्चा हो सकती है। इसको लेकर सरगर्मी चरम पर है। पुलिस व एसआईटी जांच के बीच होने वाली इस बैठक में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय व ट्रस्टी डॉ. अनिल कुमार मिश्रा को यदि हटाया गया तो इनके स्थान पर नए सदस्यों की नियुक्ति भी तय है।

महंत नृत्यगोपालदास करेंगे बैठक की अध्यक्षता

कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, नृपेंद्र मिश्रा, स्वामी विश्वप्रसन्नतीर्थ सहित अन्य कुछ सदस्यों के सोमवार को सुबह पहुंचने की उम्मीद है। इसके अलावा वरिष्ठ अधिवक्ता ट्रस्टी के पारासरन सहित कुछ अन्य वर्चुअल रूप से बैठक में हिस्सा लेंगे। बैठक की अध्यक्षता ट्रस्ट अध्यक्ष मणिरामदास जी की छावनी के महंत नृत्यगोपालदास करेंगे। बैठक में एसआईटी की अंतरिम रिपोर्ट, वित्त वर्ष 2025-26 की आडिट रिपोर्ट भी पेश की जाएगी।

जिलाधिकारी ने किया बैठक स्थल का निरीक्षण

रविवार शाम जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी मणिराजदास जी की छावनी गए। बैठक स्थल का निरीक्षण किया। सुरक्षा आदि मानकों को भी परखा। 6 जून को मामला उजागर होने के बाद ट्रस्ट की मांग पर 13 जून को एसआईटी का गठन किया गया था। 25 जून को एफआईआर दर्ज होने के बाद 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। चढ़ावे की गणना और मंदिर प्रबंधन की जिम्मेदारी चंपत राय और अनिल मिश्रा के पास होने के कारण दोनों शुरू से ही सवालों के घेरे में रहे। 

चढ़ावा विवाद पर मोहन भागवत ने दिया यह बयान 

राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत का बयान भी सामने आया है। मोहन भागवत ने इस विवाद पर RSS महासचिव दतात्रेय होसवोले के बयान का सर्मथन किया। मोहन भागवत ने अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान में हेराफेरी के आरोपों पर संगठन के आधिकारिक रुख का ज़िक्र किया। उन्होंने संगठन के महासचिव दत्तात्रेय होसबोले के बयान की ओर ध्यान दिलाया, जिसमें इस घटना को बेहद निंदनीय बताया गया था और दोषियों के लिए कड़ी सज़ा की मांग की गई थी। 

चढ़ावा विवाद पर क्‍या बोले ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि?

श्री राम जन्मभूमि मंदिर के दानपात्र से चढ़ावा चोरी के मामले के बाद राम मंदिर ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरि महाराज ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर मामले पर अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि रामलला के दरबार में हुई चोरी की घटना से वह व्यक्तिगत रूप से बेहद आहत, दुखी और लज्जित हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कोषाध्यक्ष होने के बावजूद उनकी भूमिका दैनिक नकदी प्रबंधन या दान की गिनती में प्रत्यक्ष रूप से नहीं रहती थी।

लेखक के बारे में

चेतन गौड़

Ayodhya Ram Mandir donation controversy, Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust, meeting, Champat Rai, Anil Mishra, Ayodhya temple donation dispute, Mohan Bhagwat, Govind Dev Giri Maharaj, Shri Ram Janmabhoomi Ayodhya अयोध्‍या राम मंदिर दान विवाद, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, बैठक, चंपत राय, अनिल मिश्रा, अयोध्‍या मंदिर दान विवाद, मोहन भागवत, गोविंददेव गिरि महाराज, श्रीराम जन्मभूमि अयोध्‍या
‘ये अच्छे रोल रिश्तेदारों को देते हैं’, Om Puri ने बॉलीवुड की खोली थी पोल- चाकू थमाकर गुंडा बना देंगे  Navbharat Times">Google News‘ये अच्छे रोल रिश्तेदारों को देते हैं’, Om Puri ने बॉलीवुड की खोली थी पोल- चाकू थमाकर गुंडा बना देंगे  Navbharat Times

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