फटे कैप-कवर के कारण बारिश का पानी स्टैकों तक पहुंचने और भंडारित धान के प्रभावित होने की आशंका जताई गई।
HighLights
- वंदना बागरी तत्काल प्रभाव से निलंबित
- 17,543 मीट्रिक टन धान भंडारित था
- निरीक्षण में कई गंभीर कमियां मिलीं
नईदुनिया प्रतिनिधि, पन्ना। मध्यप्रदेश वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन ने पन्ना जिले के लक्ष्मीपुर ओपन कैप परिसर में धान के रखरखाव में सामने आई अनियमितताओं पर बड़ी कार्रवाई की है। कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच के निरीक्षण के बाद पन्ना शाखा की शाखा प्रबंधक एवं गुणवत्ता नियंत्रक श्रीमती वंदना बागरी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
निरीक्षण में सामने आईं गंभीर अनियमितताएं
जानकारी के अनुसार, लक्ष्मीपुर ओपन कैप परिसर में वर्ष 2025-26 का करीब 17,543 मीट्रिक टन धान भंडारित था। कॉर्पोरेशन के दस्तावेजों के मुताबिक 30 जून 2026 को किए गए निरीक्षण में धान के स्टैकों पर लगे कैप-कवर फटे हुए मिले।
फटे कैप-कवर के कारण बारिश का पानी स्टैकों तक पहुंचने और भंडारित धान के प्रभावित होने की आशंका जताई गई। निरीक्षण के दौरान यह भी पाया गया कि कैप-कवर को सुरक्षित रखने के लिए कैप-नेट का उपयोग नहीं किया गया था। इसके अलावा स्टैकों के बीच पर्याप्त दूरी नहीं थी और पूरे कैप परिसर में साफ-सफाई का भी अभाव मिला।
सोशल मीडिया और समाचारों में भी उठा था मामला
कॉर्पोरेशन के दस्तावेज में उल्लेख किया गया है कि लक्ष्मीपुर कैप में भंडारित धान के खराब होने की आशंका को लेकर समाचार पत्रों और सोशल मीडिया पर लगातार खबरें प्रकाशित हो रही थीं। निरीक्षण में सामने आई कमियों के बाद कॉर्पोरेशन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की।
शाखा प्रबंधक पर तय हुई जिम्मेदारी
निलंबन आदेश में कहा गया है कि शाखा प्रबंधक के रूप में वंदना बागरी की जिम्मेदारी थी कि शाखा का संचालन निर्धारित नियमों और नीतियों के अनुरूप हो तथा भंडारित धान का वैज्ञानिक तरीके से उचित रखरखाव सुनिश्चित किया जाए।
आदेश के अनुसार, निर्धारित दायित्वों का पालन नहीं किए जाने से निगम की छवि प्रभावित हुई। इसी आधार पर उन्हें मध्यप्रदेश वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन एक्ट, 1962 की धारा 23(2)(a) के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।
3 अगस्त को जारी हुआ आदेश, जांच पर टिकी नजर
कॉर्पोरेशन का निलंबन आदेश 3 अगस्त 2026 को क्रमांक मप्रवेलॉका/स्था/2026/2611 के तहत जारी किया गया। आदेश पर प्रशासनिक अधिकारी एवं प्रबंध संचालक के हस्ताक्षर हैं। निलंबन अवधि में वंदना बागरी को क्षेत्रीय कार्यालय सागर से संबद्ध किया गया है और उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते का भुगतान किया जाएगा।
इस कार्रवाई के बाद कई सवाल उठ रहे हैं कि 17,543 मीट्रिक टन धान के रखरखाव में इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हुई, फटे कैप-कवर समय पर क्यों नहीं बदले गए और क्या इस मामले में अन्य जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की भी जांच होगी। फिलहाल पूरे मामले में आगे की जांच और संभावित कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।
#पनन #धन #लपरवह #ममल #नरकषण #क #बद #शख #परबधक #वदन #बगर #ससपड #कई #गभर #सवल #अभ #भ #बरकरर



Post Comment