मध्य प्रदेश के धार्मिक पर्यटन स्थल महेश्वर में नर्मदा नदी के सहस्त्रधारा घाट पर दर्दनाक हादसा हो गया। परिवार के साथ घूमने आए 30 वर्षीय अर्पित हाड़ा का पैर फिसलने से वह तेज बहाव में बह गया। परिजनों ने ग्रामीणों से मदद की गुहार लगाई, लेकिन नदी की तेज धारा के कारण उसे बचाया नहीं जा सका। सूचना मिलते ही पुलिस, होमगार्ड और गोताखोरों की टीम ने तलाशी अभियान शुरू किया, लेकिन सोमवार देर तक युवक का कोई सुराग नहीं मिल सका।
परिवार के साथ घूमने आया था अर्पित
जानकारी के अनुसार, अर्पित हाड़ा रविवार सुबह अपने परिवार के साथ महेश्वर के प्रसिद्ध सहस्त्रधारा क्षेत्र घूमने आया था। परिवार के पांच सदस्य उसके साथ थे। दिनभर धार्मिक स्थल और आसपास के क्षेत्रों में घूमने के बाद शाम को पूरा परिवार नर्मदा स्नान के लिए सहस्त्रधारा घाट पहुंचा। यहां बड़ी संख्या में चट्टानें हैं और फिसलन भी रहती है।
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पैर फिसला और तेज बहाव में बह गया युवक
नर्मदा में स्नान के दौरान अचानक अर्पित का पैर फिसल गया और वह नदी में जा गिरा। नदी का बहाव इतना तेज था कि वह खुद को संभाल नहीं सका। उसके भाई और पत्नी ने शोर मचाकर ग्रामीणों से मदद मांगी, लेकिन किसी को भी उसे बचाने का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते अर्पित तेज धारा में बह गया और परिजनों की आंखों के सामने ओझल हो गया।
रातभर चला रेस्क्यू, सोमवार को फिर शुरू हुई तलाश
घटना की सूचना मिलते ही महेश्वर पुलिस गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची और तलाशी अभियान शुरू किया। रविवार देर रात तक लगातार खोजबीन की गई, लेकिन युवक का कोई पता नहीं चल सका। सोमवार सुबह होमगार्ड और गोताखोरों की टीम फिर मौके पर पहुंची और दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
तीन किलोमीटर तक की गई तलाश
रेस्क्यू टीम ने घटना स्थल से करीब तीन किलोमीटर तक नर्मदा नदी में तलाश की, लेकिन अर्पित का कोई सुराग नहीं मिला। अधिकारियों ने एहतियात के तौर पर बड़वानी जिले के प्रशासन को भी सूचना भेज दी है, ताकि यदि युवक नदी के बहाव के साथ आगे पहुंचा हो तो उसकी तलाश की जा सके।
सहस्त्रधारा पहले भी बन चुकी है हादसों की जगह
सहस्त्रधारा क्षेत्र में इससे पहले भी कई डूबने की घटनाएं हो चुकी हैं। यहां चट्टानों के बीच तेज बहाव के कारण कई स्थानों पर गहरे कटाव बने हुए हैं। अक्सर लोग फिसलकर इनमें फंस जाते हैं या तेज धारा में बह जाते हैं। पिछले तीन वर्षों में महेश्वर के इस क्षेत्र में 10 से अधिक ऐसे हादसे सामने आ चुके हैं, जिनमें कई लोगों की जान जा चुकी है।
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