राजनगर में रिक्शा चालक विजय होलकर की हाथी के कुचलने से हुई मौत के बाद अब जांच का केंद्र हाथी को रखने की वैधता पर आ गया है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी…और पढ़ें
HighLights
- पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हाथी को पालने के लिए जरूरी अनुमति और लाइसेंस लिया गया था या नहीं
- जांच में लाइसेंस नहीं मिला तो महावत पर वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत अलग से कार्रवाई होगी
- इसके लिए वन विभाग से विस्तृत जानकारी मांगी गई है
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : राजनगर में रिक्शा चालक विजय होलकर की हाथी के कुचलने से हुई मौत के बाद अब जांच का केंद्र हाथी को रखने की वैधता पर आ गया है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हाथी को पालने के लिए जरूरी अनुमति और लाइसेंस लिया गया था या नहीं। इसके लिए वन विभाग से विस्तृत जानकारी मांगी गई है। यदि जांच में लाइसेंस नहीं मिला तो महावत पर वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत अलग से कार्रवाई होगी।
शनिवार को घटना के बाद पुलिस ने महावत के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि हाथी को संभालना पुलिस के लिए संभव नहीं था, इसलिए उसकी अस्थायी हिरासत महावत को ही दी गई और उसके साथ आए दूसरे महावत हाथी को अपने साथ ले गए।
वन विभाग को पत्र लिखकर नियमों और कानूनी प्रक्रिया की जानकारी मांगी गई है
एडिशनल डीसीपी दिशेष अग्रवाल ने बताया कि पूरे मामले में वन विभाग को पत्र लिखकर नियमों और कानूनी प्रक्रिया की जानकारी मांगी गई है। यह भी पूछा गया है कि हाथी के संबंध में आगे क्या कार्रवाई की जा सकती है। उन्होंने बताया कि हाथी अनुसूची-एक (शेड्यूल-एक) का संरक्षित वन्यजीव है, इसलिए उसके संबंध में अंतिम निर्णय और कार्रवाई का अधिकार वन विभाग के पास है।
हाथी को रेस्क्यू कर वन विभाग अपने कब्जे में ले सकता है
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार सबसे पहले यह जांच होगी कि हाथी को रखने के लिए विधिवत लाइसेंस और अनुमति ली गई थी या नहीं। यदि दस्तावेज नहीं मिले तो महावत और संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा हाथी को रेस्क्यू कर वन विभाग अपने कब्जे में ले सकता है। बाद में उसे किसी फारेस्ट रिजर्व या अधिकृत संरक्षण केंद्र में रखा जाएगा।
Source link
#इदर #म #हथ #क #कचलन #स #हई #यवक #क #मत #क #बद #जनवर #क #पलन #क #लइसस #और #अनमत #क #हग #जच



Post Comment