शहर में गिरते भू-जल स्तर और संभावित पेयजल संकट को देखते हुए नगर निगम ने 52 निजी हाइड्रेंट चिह्नित किए हैं। …और पढ़ें
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। शहर में गिरते भू-जल स्तर और संभावित पेयजल संकट को देखते हुए नगर निगम ने 52 निजी हाइड्रेंट चिह्नित किए हैं। इनके माध्यम से आवश्यकता पड़ने पर शासकीय टैंकरों में जल भराव कर पेयजल वितरण सुनिश्चित किया जाएगा।
नि:शुल्क जल भरने की अनुमति
नगरीय क्षेत्र में संचालित समस्त निजी हाइड्रेंट संचालक शासकीय जल टैंकरों को नि:शुल्क जल भरने की अनुमति प्रदान करेंगे, ताकि जल संकट प्रभावित क्षेत्रों में पेयजल वितरण निर्बाध रूप से किया जा सके।
अत्यधिक अथवा मनमाना शुल्क न लिया जाए
समस्त निजी टैंकर संचालकों को भी निर्देशित किया गया है कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए पेयजल परिवहन हेतु किसी प्रकार का अत्यधिक अथवा मनमाना शुल्क नागरिकों से न लिया जाए। शिकायत प्राप्त होने पर संबंधित टैंकर संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
इनका दिया गया निर्देश
नगरीय क्षेत्र में संचालित समस्त चिल्ड वाटर प्लांट, कमर्शियल कूलिंग यूनिट, बड़े संस्थान एवं अधिक जल उपयोग करने वाली इकाइयों में अनिवार्य रूप से रैन वाटर हार्वेस्टिंग एवं भू-जल पुनर्भरण संरचनाएं स्थापित करने के निर्देश भी दिए गए हैं। यह भी स्पष्ट किया गया है कि आदेशों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
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